Apple का अगला ‘किंग’ कौन? टिम कुक को सता रही है 15 साल आगे की चिंता!

“Apple के CEO टिम कुक कंपनी के 15 साल आगे के नेतृत्व पर गहन चिंतन कर रहे हैं, जहां जॉन टर्नस हार्डवेयर इंजीनियरिंग के प्रमुख के रूप में मुख्य दावेदार उभर रहे हैं। अन्य संभावित उम्मीदवारों में क्रेग फेडेरिघी, एडी क्यू, ग्रेग जोसवियाक और डर्ड्रे ओ’ब्रायन शामिल हैं। कुक AI और नए प्रोडक्ट कैटेगरी पर फोकस करते हुए आंतरिक उम्मीदवारों को तैयार कर रहे हैं, जबकि कंपनी के हालिया एक्जीक्यूटिव बदलाव योजनाबद्ध ट्रांजिशन हैं।”

Apple के CEO टिम कुक, जो 2011 से कंपनी की कमान संभाल रहे हैं, अब अपने उत्तराधिकारी की तलाश में तेजी ला चुके हैं। हालिया रिपोर्ट्स से पता चलता है कि कुक ने कंपनी के बोर्ड के साथ मिलकर सक्सेशन प्लानिंग को गति दी है, और वे 5, 10 तथा 15 साल आगे की लीडरशिप स्ट्रक्चर पर विचार कर रहे हैं। कुक का मानना है कि Apple को ऐसे नेता की जरूरत है जो हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर दोनों में मजबूत पकड़ रखे, खासकर AI इंटीग्रेशन और नए डिवाइस कैटेगरी जैसे Vision Pro के एक्सटेंशन में।

कंपनी के आंतरिक मीटिंग्स में कुक ने स्पष्ट किया कि हाल के एक्जीक्यूटिव डिपार्चर्स, जैसे कुछ सीनियर वाइस प्रेसिडेंट्स के रिटायरमेंट, कोई अचानक घटना नहीं बल्कि लंबे समय से प्लान की गई प्रक्रिया हैं। ये बदलाव Apple को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने का हिस्सा हैं, जहां ग्लोबल सप्लाई चेन इश्यूज, रेगुलेटरी प्रेशर और कॉम्पिटिटिव AI मार्केट प्रमुख हैं। कुक ने जोर दिया कि Apple AI से नए प्रोडक्ट और सर्विस कैटेगरी क्रिएट करेगा, जैसे इंटेलिजेंट होम डिवाइसेस और एडवांस्ड हेल्थ मॉनिटरिंग टूल्स, जो 2030 तक मार्केट को रीडिफाइन कर सकते हैं।

संभावित उत्तराधिकारियों की लिस्ट में जॉन टर्नस सबसे आगे हैं। 50 वर्षीय टर्नस, जो 2001 से Apple में हैं, हार्डवेयर इंजीनियरिंग के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट हैं। उन्होंने iPhone, iPad और Mac लाइनअप के डेवलपमेंट में अहम भूमिका निभाई है, और हाल ही में iPhone Air और M5 चिप्स के लॉन्च में प्रमुख रोल प्ले किया। टर्नस की स्ट्रेंथ उनकी लो-प्रोफाइल लेकिन इफेक्टिव लीडरशिप में है, जो कुक की स्टाइल से मिलती-जुलती है। वे Apple के इंटरनल कल्चर को अच्छी तरह समझते हैं और सप्लाई चेन ऑप्टिमाइजेशन में एक्सपर्ट हैं, जो चीन से भारत और वियतनाम शिफ्टिंग में मददगार साबित हो सकता है।

अन्य दावेदारों में क्रेग फेडेरिघी शामिल हैं, जो सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग के हेड हैं। फेडेरिघी ने iOS और macOS के एडवांसमेंट्स को लीड किया है, खासकर प्राइवेसी फीचर्स और AI इंटीग्रेशन जैसे Apple Intelligence में। उनकी क्रिएटिविटी Apple को सॉफ्टवेयर-ड्रिवन इनोवेशन की दिशा में ले जा सकती है, लेकिन हार्डवेयर बैकग्राउंड की कमी एक चुनौती हो सकती है। एडी क्यू, सर्विसेज के हेड, Apple Music, Apple TV+ और iCloud जैसे प्रोडक्ट्स को ग्रो कर चुके हैं, जो कंपनी की रेवेन्यू का 25% से ज्यादा हिस्सा हैं। क्यू की स्ट्रेंग्थ सब्सक्रिप्शन मॉडल्स में है, जो 2026 में Apple के 2 बिलियन एक्टिव यूजर्स को टारगेट कर सकती है।

ग्रेग जोसवियाक, वर्ल्डवाइड मार्केटिंग के हेड, प्रोडक्ट लॉन्च इवेंट्स के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने Apple के ब्रांड को ग्लोबल स्तर पर मजबूत किया है, खासकर इंडिया जैसे इमर्जिंग मार्केट्स में, जहां iPhone सेल्स 2025 में 30% ग्रोथ दिखा रही है। डर्ड्रे ओ’ब्रायन, रिटेल और HR की हेड, Apple स्टोर्स और एम्प्लॉयी डेवलपमेंट पर फोकस करती हैं। उनकी लीडरशिप में कंपनी ने डाइवर्सिटी इनिशिएटिव्स को बढ़ावा दिया है, जो 15 साल आगे के टैलेंट पूल को स्ट्रॉन्ग बनाएगा।

कुक की 15 साल आगे की चिंता AI कॉम्पिटिशन से जुड़ी है। Apple, जो 2025 में AI इनवेस्टमेंट को 10 बिलियन डॉलर तक बढ़ा चुका है, अब OpenAI और Google जैसे प्लेयर्स से पीछे नहीं रहना चाहता। कुक ने कहा कि AI नए कैटेगरी क्रिएट करेगा, जैसे ऑटोनॉमस वियरेबल्स और स्मार्ट होम इकोसिस्टम, जो 2040 तक मार्केट वैल्यू को ट्रिपल कर सकते हैं। लेकिन रिस्क्स भी हैं, जैसे डेटा प्राइवेसी रेगुलेशंस, जो EU और US में सख्त हो रहे हैं। Apple का फोकस प्राइवेसी-फर्स्ट AI पर है, जो यूजर्स के डेटा को ऑन-डिवाइस प्रोसेस करता है।

कंपनी के फाइनेंशियल डेटा से पता चलता है कि 2025 के Q4 में रेवेन्यू 120 बिलियन डॉलर रहा, जिसमें iPhone 60%, सर्विसेज 22% और Mac 10% का योगदान था। उत्तराधिकारी को इस ग्रोथ को मेंटेन करना होगा, खासकर इंडिया मार्केट में, जहां Apple प्रोडक्शन को 25% तक शिफ्ट कर रहा है। सप्लाई चेन चैलेंजेस, जैसे सेमीकंडक्टर शॉर्टेज, को हैंडल करने के लिए टर्नस जैसे हार्डवेयर एक्सपर्ट फायदेमंद साबित हो सकते हैं।

संभावित उत्तराधिकारियों की तुलना

प्रमुख चुनौतियां और रणनीतियां

नामभूमिकाअनुभव (साल)मुख्य स्ट्रेंग्थ्ससंभावित चुनौतियां
जॉन टर्नसहार्डवेयर इंजीनियरिंग SVP25प्रोडक्ट डेवलपमेंट, सप्लाई चेन मैनेजमेंट, iPhone/Mac इनोवेशनपब्लिक प्रेजेंस की कमी
क्रेग फेडेरिघीसॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग SVP20+iOS/macOS एडवांसमेंट्स, AI इंटीग्रेशन, डेवलपर रिलेशंसहार्डवेयर फोकस की कमी
एडी क्यूसर्विसेज SVP35Apple Music/TV+ ग्रोथ, सब्सक्रिप्शन रेवेन्यू, पार्टनरशिप्सक्रिएटिव प्रोडक्ट डिजाइन में सीमित रोल
ग्रेग जोसवियाकमार्केटिंग SVP30+ब्रांड प्रमोशन, ग्लोबल मार्केट एक्सपैंशन, इंडिया फोकसटेक्निकल डीप्थ की कमी
डर्ड्रे ओ’ब्रायनरिटेल और HR SVP30स्टोर ऑपरेशंस, टैलेंट डेवलपमेंट, डाइवर्सिटी इनिशिएटिव्सस्ट्रैटेजिक प्रोडक्ट लीडरशिप में कम एक्सपीरियंस

AI इंटीग्रेशन: Apple 2026 में Apple Intelligence को सभी डिवाइसेस में रोलआउट करेगा, जो यूजर एक्सपीरियंस को 40% बेहतर बना सकता है। उत्तराधिकारी को ChatGPT जैसे कॉम्पिटिटर्स से आगे रहना होगा।

ग्लोबल एक्सपैंशन: इंडिया में मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाकर Apple कॉस्ट को 15% कम कर सकता है, लेकिन लेबर इश्यूज और टैरिफ्स चुनौती हैं।

रेगुलेटरी रिस्क्स: US और EU में ऐंटीट्रस्ट लॉज से Apple को 5 बिलियन डॉलर का फाइन हो सकता है; नया CEO को लीगल स्ट्रैटेजी मजबूत करनी होगी।

इनोवेशन पाइपलाइन: Vision Pro के बाद, फोल्डेबल iPhone और AR ग्लासेस पर फोकस, जो 2030 तक 500 मिलियन यूनिट्स सेल कर सकते हैं।

फाइनेंशियल ग्रोथ: 2026 में रेवेन्यू टारगेट 400 बिलियन डॉलर, जिसमें सर्विसेज 100 बिलियन का योगदान।

कुक की लीडरशिप में Apple की मार्केट कैप 4 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंची, लेकिन भविष्य में EV मार्केट एंट्री और हेल्थ टेक जैसे क्षेत्रों में एक्सपैंशन जरूरी है। उत्तराधिकारी को Steve Jobs की इनोवेटिव स्पिरिट और कुक की ऑपरेशनल एफिशिएंसी का बैलेंस बनाना होगा। Apple के 50वें एनिवर्सरी के करीब, ये प्लानिंग कंपनी को अगले दशक के लिए तैयार कर रही है।

Disclaimer: यह रिपोर्ट समाचार स्रोतों, विशेषज्ञ विश्लेषण और बाजार रुझानों पर आधारित है। सलाह के रूप में न लें।

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