केंद्रीय बजट 2026-27 में शिक्षा क्षेत्र को 1,39,289.48 करोड़ रुपये मिले – पिछले साल से 8.27% की बढ़ोतरी। स्कूल शिक्षा को 83,562 करोड़ और उच्च शिक्षा को 55,727 करोड़ दिए गए। युवा शक्ति को केंद्र में रखते हुए ‘एजुकेशन टू एम्प्लॉयमेंट एंड एंटरप्राइज’ समिति, 15,000 स्कूलों-500 कॉलेजों में AVGC लैब्स, 5 यूनिवर्सिटी टाउनशिप्स, हर जिले में एक लड़कियों का छात्रावास और AI सेंटर ऑफ एक्सीलेंस जैसे बड़े कदम उठाए गए।
बजट आवंटन का ब्योरा
| विभाग | 2025-26 (करोड़ ₹) | 2026-27 (करोड़ ₹) | बढ़ोतरी (%) |
|---|---|---|---|
| स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग | 78,572.10 | 83,562.26 | 6.35 |
| उच्च शिक्षा विभाग | 50,077.95 | 55,727.22 | 11.28 |
| कुल शिक्षा मंत्रालय | 1,28,650.05 | 1,39,289.48 | 8.27 |
यह अब तक का सबसे बड़ा शिक्षा आवंटन है। युवा भारत की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए बजट ने शिक्षा को रोजगार और उद्यम से सीधे जोड़ दिया है।
नवाचार और रोजगार के बीच का पुल उच्चाधिकार प्राप्त ‘एजुकेशन टू एम्प्लॉयमेंट एंड एंटरप्राइज’ स्थायी समिति गठित होगी। यह समिति सेवा क्षेत्र पर फोकस करेगी, AI जैसी उभरती तकनीकों के रोजगार पर प्रभाव का आकलन करेगी और स्किल रिक्वायरमेंट्स तय करेगी। इससे पाठ्यक्रम उद्योग की जरूरतों के अनुरूप बनेगा।
AVGC क्रांति की शुरुआत मुंबई के इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजीज को समर्थन देकर 15,000 माध्यमिक स्कूलों और 500 कॉलेजों में एनीमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स (AVGC) कंटेंट क्रिएटर लैब्स स्थापित होंगी। ये लैब्स युवाओं को क्रिएटिव इकोनॉमी में रोजगार दिलाएंगी।
5 यूनिवर्सिटी टाउनशिप्स औद्योगिक और लॉजिस्टिक्स कॉरिडोर के पास 5 यूनिवर्सिटी टाउनशिप्स बनेंगी। इनमें विश्वविद्यालय, कॉलेज, रिसर्च संस्थान, स्किल सेंटर्स और रेजिडेंशियल कॉम्प्लेक्स होंगे। आसपास प्री-प्राइमरी से सेकंडरी तक कंपोजिट स्कूल भी खुलेंगे। इससे शिक्षा-उद्योग का एकीकरण होगा।
लड़कियों के लिए STEM बूस्ट हर जिले में एक लड़कियों का छात्रावास बनेगा। वायबिलिटी गैप फंडिंग/कैपिटल सपोर्ट से यह सुविधा मिलेगी। STEM में लड़कियों की भागीदारी बढ़ेगी और उच्च शिक्षा में बाधाएं दूर होंगी।
AI और डिजिटल शिक्षा पर फोकस शिक्षा में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के लिए 500 करोड़ रुपये का सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनेगा। टीचर कैपेसिटी बिल्डिंग को प्राथमिकता दी गई है। ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी और टेक्नोलॉजी-एनेबल्ड लर्निंग इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार होगा।
मेंटल हेल्थ और समावेशी विकास युवाओं में बढ़ते मानसिक तनाव को देखते हुए उत्तरी भारत में NIMHANS संस्थान खोला जाएगा। रांची और तेजपुर के मौजूदा संस्थानों को अपग्रेड किया जाएगा। दिव्यांगजनों के लिए ‘दिव्यांगजन कौशल योजना’ और ‘दिव्यांग सहारा योजना’ शुरू होगी। ALIMCO के जरिए AI-इंटीग्रेटेड असिस्टिव डिवाइस बनेंगे।
खेल और अन्य क्षेत्र ‘खेलो इंडिया मिशन’ लॉन्च होगा। इसमें ट्रेनिंग सेंटर्स, कोच डेवलपमेंट, स्पोर्ट्स साइंस और इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर रहेगा। वेटरनरी, पैरा-वेट, आयुर्वेद, टूरिज्म स्किलिंग और एलाइड हेल्थ में भी बड़े प्रावधान हैं।
समग्र प्रभाव बजट ने NEP 2020 की भावना को मजबूत किया है। अब शिक्षा सिर्फ डिग्री नहीं, बल्कि स्किल, इनोवेशन और रोजगार का जरिया बनेगी। युवा भारत को Viksit Bharat के लक्ष्य की ओर ले जाने वाला यह बजट रोजगार सृजन, क्रिएटिव इकोनॉमी और समावेशी विकास का मजबूत आधार तैयार करेगा।
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